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इस हादसे में एक सात साल के बच्चे और एक 51 वर्षीय महिला टीचर की दम घुटने से मौत हो गई थी।
दो बच्चे गंभीर रूप से झुलस गए थे और पांच से ज्यादा छात्रों को खिड़कियां तोड़कर निकाला गया, जिन्हें चोटें आई थीं।
आग की शुरुआत इमारत के ग्राउंड फ्लोर पर लगे हाई-वोल्टेज बिजली के मीटर या एयर कंडीशनर (एसी) के आउटर कंप्रेसर में शॉर्ट सर्किट की वजह से हुई।
चौथी मंजिल (छत) पर प्लाईवुड, प्लास्टिक की शीटों और फाइबरग्लास का इस्तेमाल करके एक अवैध अस्थायी डोम (गुंबद) जैसा क्लासरूम बनाया गया था।
ग्राउंड फ्लोर से लगी आग बिजली की केबलों के सहारे बेहद तेजी से ऊपर की तरफ बढ़ी। इमारत में आने-जाने के लिए केवल एक ही संकरी सीढ़ी थी।
आग लगते ही लकड़ी और लोहे की बनी वह सीढ़ी पूरी तरह जल गई और धुआं फैलने से नीचे उतरने का रास्ता पूरी तरह बंद हो गया।
क्लासरूम में बैठने के लिए रबर के टायरों और प्लाईवुड की बेंचों का इस्तेमाल किया गया था। आग पकड़ते ही इनसे काला और दम घोंटने वाला जहरीला धुआं निकला।
आग की शुरुआत इमारत के ग्राउंड फ्लोर पर लगे मुख्य बिजली के मीटर बॉक्स में एक जोरदार धमाके और शॉर्ट सर्किट के साथ हुई।
चूंकि मीटर बॉक्स मुख्य सीढ़ियों के ठीक पास था, इसलिए आग और उससे निकला घना, जहरीला धुआं तेजी से एकमात्र संकरी सीढ़ी के रास्ते ऊपर की ओर चढ़ने लगा।
इसके चलते छात्रों के नीचे उतरने का रास्ता पूरी तरह बंद हो गया। उस वक्त बिल्डिंग के अंदर अलग-अलग मंजिलों पर करीब 250 से 300 छात्र क्लास ले रहे थे।
हॉल में धुआं भरने के कारण छात्रों का दम घुटने लगा। कोई दूसरा रास्ता न होने पर छात्रों ने खिड़कियों के शीशे तोड़े और एसी के तारों, रस्सियों और सीढ़ियों के सहारे लटककर नीचे कूदने की कोशिश की।
दिल्ली पुलिस ने इस मामले में आईपीसी की संबंधित धाराओं (लापरवाही से जीवन संकट में डालना) के तहत एफआईआर दर्ज की और कोचिंग सेंटर के मालिकों/प्रबंधन से जुड़े लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
दिल्ली उच्च न्यायालय ने इस घटना पर स्वतः संज्ञान लिया। कोर्ट ने दिल्ली फायर सर्विस और नगर निगम (एमसीडी) को कड़ी फटकार लगाई और मुखर्जी नगर के उन सभी कोचिंग सेंटर्स को बंद करने या सील करने का आदेश दिया जिनके पास वैध फायर एनओसी नहीं थी।
इस हादसे के बाद दिल्ली के मुखर्जी नगर, कालू सराय और करोल बाग जैसे इलाकों में हफ्तों तक बड़े पैमाने पर फायर सेफ्टी ऑडिट और अवैध रूप से चल रहे बेसमेंट कोचिंग सेंटर्स को सील करने की कार्रवाई की गई।
Source: https://www.amarujala.com/india-news/up-lucknow-coaching-center-fire-incident-from-gujarat-surat-to-delhi-mukherjee-nagar-know-previous-happenings-2026-06-22