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पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस नेताओं के खिलाफ जनता का गुस्सा लगातार बढ़ता दिखाई दे रहा है। हावड़ा जिले में सामने आई दो अलग-अलग घटनाओं ने राज्य की राजनीति को फिर गरमा दिया है। एक तरफ टीएमसी नेता पुलिस से बचने के लिए साड़ियों के ढेर में छिपा मिला, तो दूसरी तरफ एक अन्य नेता को ग्रामीणों ने जूतों की माला पहनाकर गांव में घुमाया। दोनों घटनाओं के वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं।
हावड़ा के उदयनारायणपुर थाना क्षेत्र के बिलासपुर इलाके में पुलिस टीएमसी के स्थानीय नेता ब्रह्मानंद चक्रवर्ती की तलाश में पहुंची थी। स्थानीय लोगों ने उन पर सरकारी आवास योजना में कथित ‘कट मनी’ लेने और जबरन वसूली के आरोप लगाए थे। पुलिस जब उन्हें पकड़ने पहुंची तो वह एक कपड़े की दुकान के स्टोररूम में साड़ियों के बड़े ढेर के नीचे छिप गए। तलाशी के दौरान पुलिस को शक हुआ और साड़ियों के बंडल हटाए गए। इसके बाद ब्रह्मानंद चक्रवर्ती को वहीं से बाहर निकाला गया और गिरफ्तार कर लिया गया। बताया जा रहा है कि उनके खिलाफ 2021 विधानसभा चुनाव के बाद हुई राजनीतिक हिंसा से जुड़े आरोपों की भी जांच चल रही है।
हावड़ा जिले के ही आमरदाहा गांव में एक अन्य टीएमसी नेता सन्यासी मन्ना के खिलाफ ग्रामीणों का गुस्सा खुलकर सामने आया। गांव वालों का आरोप है कि वह सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के नाम पर गरीब लोगों से पैसे वसूलता था। ग्रामीणों का दावा है कि उसके घर से आधार कार्ड और मनरेगा जॉब कार्ड भी मिले हैं। लोगों ने आरोप लगाया कि बिना पैसे दिए योजनाओं का लाभ नहीं मिलता था। इसी नाराजगी के बाद लोगों ने उसे पकड़ लिया।
ग्रामीणों ने विरोध जताते हुए सन्यासी मन्ना का सिर मुंडवाया, गले में जूतों की माला पहनाई और गांव में घुमाया। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में बड़ी संख्या में लोग नारेबाजी करते दिखाई दे रहे हैं। हालांकि वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो पाई है। घटना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने आरोपी नेता को भीड़ से बाहर निकाला और सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है।
पश्चिम बंगाल में स्थानीय स्तर पर भ्रष्टाचार, कट मनी और सरकारी योजनाओं में अनियमितताओं को लेकर लगातार सवाल उठते रहे हैं। कई जगहों पर लोगों का गुस्सा स्थानीय नेताओं के खिलाफ खुलकर सामने आ रहा है। विपक्ष लगातार टीएमसी नेताओं पर भ्रष्टाचार और उगाही के आरोप लगाता रहा है। अब इन घटनाओं ने राज्य की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। राजनीतिक जानकार मानते हैं कि जनता का बढ़ता गुस्सा आने वाले समय में बंगाल की राजनीति पर बड़ा असर डाल सकता है।
Source: https://www.amarujala.com/india-news/west-bengal-tmc-leader-sannashi-manna-wear-garland-shoes-brahmanand-chakraborty-hide-pile-of-sarees-2026-06-07