खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें

या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें

अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो

भारत सरकार एक महत्वपूर्ण नियम बदलने की तैयारी कर रही है। इस बदलाव से एयरपोर्ट चलाने वाली कंपनियां अपनी खुद की एयरलाइन शुरू कर सकेंगी। अदाणी समूह और जीएमआर समूह को इसका सीधा लाभ मिल सकता है। वर्तमान में, दिल्ली और मुंबई एयरपोर्ट संचालित करने वाली कंपनियों को किसी भी एयरलाइन में 10 फीसदी से अधिक हिस्सेदारी रखने की मनाही है।

सरकार चाहती है कि बाजार में अधिक प्रतियोगिता आए। यदि अदाणी और जीएमआर अपनी एयरलाइन शुरू करते हैं, तो इससे नई प्रतियोगिता बढ़ेगी। यात्रियों को बेहतर विकल्प मिलने की संभावना है। अदाणी समूह मुंबई एयरपोर्ट सहित सात एयरपोर्ट का संचालन करता है। वहीं, जीएमआर समूह दिल्ली एयरपोर्ट और चार अन्य एयरपोर्ट चलाता है। नियम बदलने पर ये दोनों समूह अपनी एयरलाइन शुरू कर सकेंगे, जिससे भारतीय विमानन क्षेत्र में नई कंपनियां आएंगी।

हालांकि, इस कदम से कुछ चिंताएं भी जुड़ी हैं। यदि एयरपोर्ट मालिक अपनी खुद की एयरलाइन चलाएंगे, तो वे अपने एयरपोर्ट पर अच्छे समय स्लॉट और सुविधाएं अपनी ही एयरलाइन को दे सकते हैं। इससे दूसरे एयरलाइन संचालकों को नुकसान होने की आशंका है। दुनिया के दूसरे देशों में एयरपोर्ट और एयरलाइन का संयुक्त मालिकाना हक ज्यादा सफल नहीं रहा है। अमेरिका में सख्त नियम हैं, जबकि यूरोपीय संघ में प्रतियोगिता कानून इसे व्यावहारिक रूप से मुश्किल बनाते हैं।

पिछले दस वर्षों में भारत में एयरलाइंस की संख्या काफी कम हुई है। जेट एयरवेज और गो एयर बंद हो गईं, जबकि विस्तारा व एयरएशिया का टाटा समूह में विलय हो गया। अब इंडिगो 60 फीसदी से अधिक घरेलू यात्रियों को संभालती है। दिसंबर में पायलटों की कमी से हजारों उड़ानें रद्द हुईं, जिससे यात्रियों को परेशानी हुई।

Source: https://www.amarujala.com/business/business-diary/adani-and-gmr-may-launch-airlines-as-government-considers-changing-aviation-rules-2026-07-22